Home आयोजन BSF ने नहीं दी सरहद तक जाने की इजाज़त, 25 कि.मी पहले...

BSF ने नहीं दी सरहद तक जाने की इजाज़त, 25 कि.मी पहले ख़त्म हुई भारत-पाक मैत्री यात्रा

SHARE

 

अहमदाबाद : भारत पाकिस्तान मैत्री एवं शांति यात्रा को सीमा सुरक्षा बल  (बी.एस.एफ़ ) की अनुमति न होने के कारण भारत-पाकिस्तान सीमा नाडा बेट से 25 किलोमीटर पहले नंदेश्वरी माता के मंदिर से समाप्त कर दी गई। समापन समारोह अहमदाबाद में किया गया।

गौरतलब है कि मैगसेसे से सम्मानित गांधीवादी विचारक संदीप पांडेय के नेतृत्व में 19 जून को अहमदाबाद के साबरमती आश्रम से यह मैत्री यात्रा निकली थी। इसे 290 किलोमीटर पैदल चलकर पाकिस्तानी सीमा से लगे नाडा बेट तक जाना था लेकिन यात्रा थोड़ा पहले ही ख़त्म करनी पड़ी। इसी तरह पुलिस ने अहमदाबाद में भी यात्रा नहीं निकालने दी थी और पदयात्रियों को तीन घंटे तक थाने में रहना पड़ा था। रिहाई के बाद पदयात्रा गाँधी नगर के अडालज से आरंभ हुई। शुरुआत के 15 किलोमीटर और अंत के 25 किलोमीटर छोड़कर पदयात्रियों ने करीब 250 किलोमीटर की यात्रा की और भारत-पाकिस्तान के बीच मैत्री का संदेश दिया।

30 जून को अहमदाबाद के गाँधी आश्रम में आयोजित समापन समारोह में मीडिया से बात करते हुए संदीप पाण्डेय ने बताया “यात्रा के दरमियान हम लोगों ने कुछ मांगो को लेकर एक हस्ताक्षर अभियान चलाया था इस अभियान के तहेत हमारी मांगों के समर्थन में लगभग 500 लोगों ने हस्ताक्षर कर समर्थन दिया है जिसमे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पत्नी जसोदाबेन और जसोदा बेन के परिवार के लोगों के भी हस्ताक्षर हैं। यात्रा के दरमियान बलिसना गाँव की तरफ से एक मांग आई कि पाकिस्तान का कांसुलेट अहमदाबाद में भी खोला जाये। इस मांग को भी हम दोनों सरकारों के सामने रखेंगे बलिसना गाँव के 100 से अधिक परिवारों की रिश्तेदारियाँ पाकिस्तान में है।”

पाण्डेय ने आगे बताया “ थरा और देयोदर के बीच बलदेव नाथ बापू का आश्रम है जो लोहाणा समाज के गुरु हैं। पाकिस्तान में 500 परिवार ऐसे हैं जो इनके भक्त हैं पिछले वर्ष बापू एक महिना पाकिस्तान में रहकर आये हैं वहां सत्संग भी किया बापू “हे नाथ” नाम से एक अस्पताल बनवा रहे हैं बापू ने एक मंदिर भी बनवाया है बापू ने भारत में फैलाई गई उन सभी बातों को ख़ारिज कर दिया जैसे हिन्दुओं का जबरन धर्म परिवर्तन , मंदिर तोड़ दिए जाते है, हिन्दू पाकिस्तान में सुरक्षित नहीं हैं इत्यादि बापू के अनुसार पाकिस्तान में हिन्दू भी सुरक्षित हैं, हिन्दू धर्म भी सुरक्षित है।”

उन्होंने कहा कि बापू की अहिंसा की नीति को अपनाते हुए भारत पाक सरकारें तय करें कि सीमा पर गोली नहीं चलाई जाएगी। भारत या पाक का कोई भी सैनिक गोलियों से नहीं मरेगा, जिस प्रकार से अटलजी ने दिल्ली से लाहौर की बस सेवा शुरू की थी, उसी प्रकार से प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी भी सुई गाम से कराची की बस सेवा को शुरू करें।

इस मौके पर Pakistan institute for labour education and research के प्रोफेसर एवं मजदूर नेता करामत अली ने skype पर संबोधित करते हुए सभी यात्रियों को बधाई दी। उन्होंने कहा- “2016 से SAARC समिट नहीं हो रही है जो दुर्भाग्यपूर्ण है। यदि सरकारें ऐसी सममित नहीं कर रही हैं तो आम जनता को इस प्रकार की समिट करना चाहिए। यदि समिट पाकिस्तान या भारत में संभव न हो तो हमारे पास नेपाल विकल्प है, जहाँ पर आसानी से सभी देश के आम जन एकत्र हो सकते हैं। हम हजारों वर्ष साथ रहे हैं दुश्मन कैसे हो सकते हैं। टकराव के कारण एक दुसरे के दुश्मन लगते हैं। बहुसंख्यक लोग अमन चाहते हैं। थोड़े से पागल लोग हर जगह होते हैं। वह पाकिस्तान में भी हैं, लेकिन अक्सरियत अमन चाहती है जो खामोश है।’’ करामत अली ने मछुवारों के मुद्दे पर कहा दोनों देश को जेलों में बंद मछुवारों की सूची का अदान प्रदान करना चाहिए ताकि पता चले किस देश के कितने लोग जेलखानों में हैं। दोनों देश को मछुवारों को तुरंत छोड़ना चाहिए।”

पाकिस्तान स्थित गांधीवादी एवं सामाजिक कार्यकर्ता सईदा दीप ने कहा इस समय पाकिस्तान में आम चुनाव है, जिस कारण हमलोग यात्रा के समर्थन में कुछ ख़ास नहीं कर पाए। अगली प्रस्तावित यात्रा के समय हम लोग पाकिस्तान से भी यात्रा निकालेंगे और कोशिश रहेगी कि दोनों तरफ के लोग यात्रा के माध्यम से मिल सकें।” करामत अली ने बताया कि यात्रा भले ही हिंदुस्तान में हुई हो लेकिन इसका प्रभाव पाकिस्तान में भी है। 25 जुलाई को चुनाव के बाद नई सरकार आने पर और असर दिखेगा।

 

संदीप पाण्डेय ने दक्षिण एशिया को ‘’परमाणु बम मुक्त’ बनाने की मांग दोहराते हुए कहा कि जो देश जंग से दूर हैं वह तरक्की कर रहे हैं। बंगलादेश का उदहारण देते हुए उन्होंने कहा “ साक्षरता दर , कुपोषण ,प्रजनन दर , बल एवं महिला स्वस्थ जैसे सामाजिक मानक पर बंगलादेश, पाकिस्तान और भारत से आगे निकल गया है। रक्षा बजट कम कर भारत और पाक को शिक्षा और स्वास्थ्य पर खर्च करना चाहिए।

यात्रा के मुख्य आयोजक कौशर अली सय्यद ने कहा “ सरकारें खरबों रुपये बम बारूद और हथियारों पर खर्च करती है क्योंकि सरकार के मंत्री और सौदे से जुड़े लोग करोड़ों रुपये दलाली और भ्रष्टाचार से कमाते हैं। बोफोर्स से लेकर अगस्ता वेस्टलैंड डील का भ्रष्टाचार हमारे सामने है। यही मुख्य कारण है जो भारत और पाकिस्तान की सरकारें रक्षा बजट में कमी नहीं कर रही हैं। ”

सय्यद ने आगे बताया “यात्रा की कामयाबी से सभी यात्री उत्साहित हैं और इसी वर्ष के अंत में भुज से खावड (पाकिस्तान सीमा ) की यात्रा की भी योजना है। सय्यद ने यूपी से आये साथी नन्द लाल, अलोक पाण्डेय, नरेश चंद सिंह का आभार व्यक्त किया। बनारस से आये नन्द लाल पूरी यात्रा में सामजिक गीतों के ज़रिये अलख जकाते रहे। वे गुजरात में स्टार पदयात्री रहे। इस यात्रा से तनु श्री बेन और मंजिल नानावती महिला पदयात्री के तौर पर हिस्सा रहीं।

पदयात्रियों के सम्मान में वाघ बकरी चाय के मालिक पीयूष देसाई ने भी एक कार्यक्रम का आयोजन किया जहाँ सभी यात्रियों ने अपने यात्रा का अनुभव साझा किया। पीयूष देसाई गुजरात के बड़े कारोबारी हैं। गांधीवादी विचारों से प्रभावित अहिंसावादी हैं। देसाई भी भविष्य ने रोटरी क्लब इंडिया–पाकिस्तान के माध्यम से यात्रा के बारे में सोच रहे हैं। देसाई हमेशा हिन्दू मुस्लिम सौहार्द के लिए प्रयत्नशील रहते हैं। सप्ताह में एक बार अपने मित्रों के साथ गाँधी आश्रम भी जाते हैं ताकि बापू के विचारों से जुड़े रहें

यात्रा की सबसे बड़े कामयाबी यह रही कि इससे शिक्षक, इंजिनियर, पत्रकार, छात्र एवं सभी जाति धर्म के लोग जुड़े हुए थे और सहयोग कर रहे थे ।